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अदालतों से परे: नागरिक समाज न्याय को कैसे वास्तविक बनाता है

बियॉन्ड द कोर्ट्स (عدالتों से परे) इस बात की पड़ताल करता है कि जब औपचारिक प्रणालियों तक पहुँचना कठिन होता है, तो नागरिक समाज संगठन न्याय को कैसे सुलभ बनाते हैं।
रोहिणी नीलेकणी परोपकार (Rohini Nilekani Philanthropies) द्वारा निर्मित, इस फिल्म में जेनिथ के स्वप्निल शुक्ला सहित कई चिकित्सक शामिल हैं और यह अदालत के बाहर सामुदायिक कार्रवाई, कानूनी सहायता और संस्थागत बदलाव की पड़ताल करती है।
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अदालतों से परे: नागरिक समाज न्याय को कैसे वास्तविक बनाता है
एक फिल्म इस बारे में कि कैसे नागरिक समाज संगठन समुदायों को अधिकारों का दावा करने, कानूनी प्रणालियों को समझने और व्यवहार में न्याय को सुलभ बनाने में मदद करते हैं।

न्याय का अर्थ: अधिकारों और सामुदायिक कार्रवाई पर अभय जैन
अभय जैन 'जेनिथ' के माध्यम से सहरिया समुदायों के साथ किए जा रहे कार्यों के जरिए कानूनी जागरूकता, न्याय तक पहुंच और समुदाय के नेतृत्व वाले बदलाव पर चर्चा कर रहे हैं।

लॉ स्कूल कानूनी सहायता क्लीनिकों को पुनर्जीवित करना
अभय जैन एक व्यावहारिक, स्थानीय स्तर पर आधारित कानूनी सहायता क्लीनिकों का समर्थन करते हैं, जो कानून के छात्रों को सामुदायिक न्याय और व्यावहारिक शिक्षण से जोड़ते हैं।

सोशल इम्पैक्ट में करियर बनाना: द जेनिथ की कहानी
अभय जैन 'जेनिथ' की स्थापना करने, कानून की वकालत करने और सामाजिक प्रभाव एवं सामुदायिक सेवा से जुड़े करियर के निर्माण के अपने अनुभवों को साझा कर रहे हैं।

जेनिथ ने आगामी आइडिया प्राइज 2020 जीता
2020 के आगामी पुरस्कार की कुछ खास बातें, जहां ज़ेनिथ को पूरे भारत में कानून और न्याय के क्षेत्र में समुदाय के नेतृत्व वाले नवाचार के लिए मान्यता दी गई थी।

क्या अदालतों के बाहर न्याय मिल सकता है?
अभय जैन साझा कर रहे हैं कि कैसे सामुदायिक कार्रवाई, कानूनी वकालत और रचनात्मक हस्तक्षेप अदालत के बाहर भी न्याय को वास्तविक बना सकते हैं।

अदालतों से परे: नागरिक समाज न्याय को कैसे वास्तविक बनाता है
एक फिल्म इस बारे में कि कैसे नागरिक समाज संगठन समुदायों को अधिकारों का दावा करने, कानूनी प्रणालियों को समझने और व्यवहार में न्याय को सुलभ बनाने में मदद करते हैं।

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अभय जैन 'जेनिथ' के माध्यम से सहरिया समुदायों के साथ किए जा रहे कार्यों के जरिए कानूनी जागरूकता, न्याय तक पहुंच और समुदाय के नेतृत्व वाले बदलाव पर चर्चा कर रहे हैं।

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